पूर्णिया: प्रतिभा किसी पहचान की मोहताज नहीं होती। उसे केवल एक मंच और अवसर की आवश्यकता होती है। इसी सोच को साकार करते हुए कोशी टैलेंट फिएस्टा 2026 का आयोजन पूर्णिया के प्रेक्षागृह एवं आर्ट गैलरी में किया गया। पूरे दिन चले इस रंगारंग कार्यक्रम में बच्चों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया।

 

इस आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि मंच पर सामान्य बच्चों के साथ-साथ ऑटिज़्म से जुड़े बच्चों ने भी पूरे आत्मविश्वास के साथ अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। डांस, सिंगिंग, पेंटिंग, फैशन शो और अन्य प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों ने यह साबित कर दिया कि मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन मिलने पर हर बच्चा अपनी अलग पहचान बना सकता है।

 

कार्यक्रम के अंत में विजेता प्रतिभागियों को ट्रॉफी, मेडल और प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया। वहीं अन्य सभी प्रतिभागियों को भी सहभागिता प्रमाणपत्र प्रदान कर उनके प्रयासों का सम्मान किया गया। GPNBIHAR अपने पाठकों के लिए इस यादगार आयोजन की कुछ खास झलकियाँ प्रस्तुत कर रहा है।

 

पूर्णिया में प्रतिभा का महोत्सव

 

पूर्णिया के प्रेक्षागृह एवं आर्ट गैलरी में आयोजित कोशी टैलेंट फिएस्टा 2026 का रंगारंग समापन हुआ। पूरे दिन चले इस कार्यक्रम में बच्चों ने अपनी प्रतिभा से दर्शकों का दिल जीत लिया। सभागार तालियों की गूंज और उत्साह से सराबोर रहा।

 

नन्हे कलाकारों ने मोह लिया मन

 

5 से 12 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों ने अपने मनमोहक नृत्य और शानदार प्रस्तुतियों से सभी का ध्यान आकर्षित किया। छोटे-छोटे कदमों में आत्मविश्वास और चेहरे पर मुस्कान ने दर्शकों को भावुक भी किया और आनंदित भी।

 

बड़े बच्चों ने दिखाई शानदार प्रतिभा

 

12 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के प्रतिभागियों ने डांस, मॉडलिंग और अन्य प्रस्तुतियों में अपनी कला का बेहतरीन प्रदर्शन किया। मंच पर उनका आत्मविश्वास और प्रस्तुति देखकर सहज ही अंदाज़ा लगाया जा सकता था कि इसके पीछे बच्चों के साथ-साथ उनके प्रशिक्षकों की भी अथक मेहनत रही होगी।

 

रैंप पर बिखरा आत्मविश्वास


Kids Fashion Show कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा। बच्चों ने पूरे आत्मविश्वास और आकर्षक अंदाज़ में रैंप वॉक किया। उनकी प्रस्तुति किसी बड़े फैशन शो से कम नहीं लग रही थी और दर्शकों ने हर प्रस्तुति का तालियों से स्वागत किया।

 

रंगों में झलकी कल्पनाशक्ति

 

पेंटिंग प्रतियोगिता में बच्चों ने अपनी कल्पनाओं को रंगों के माध्यम से जीवंत कर दिया। हर चित्र बच्चों की रचनात्मक सोच, मेहनत और कलात्मक प्रतिभा का सुंदर परिचय दे रहा था।

 

समावेशिता का प्रेरक संदेश



कार्यक्रम की सबसे विशेष बात यह रही कि सामान्य बच्चों के साथ-साथ ऑटिज़्म से जुड़े बच्चों ने भी पूरे आत्मविश्वास के साथ मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। इस पहल ने यह संदेश दिया कि अवसर मिलने पर हर बच्चा अपनी अलग पहचान बना सकता है।

 

विजेताओं के चेहरे पर खुशी

 

कार्यक्रम के समापन पर मुख्य अतिथियों ने प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को ट्रॉफी, मेडल और प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया। पुरस्कार प्राप्त करने वाले बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे और पूरा सभागार तालियों से गूंज उठा।

 

हार नहीं, नई शुरुआत

 

जिन प्रतिभागियों को ट्रॉफी नहीं मिल सकी, उन्हें भी सहभागिता प्रमाणपत्र प्रदान किया गया। कुछ बच्चों के चेहरे पर हल्की मायूसी जरूर थी, लेकिन उनके हौसले कम नहीं दिखे। उनके आत्मविश्वास से साफ झलक रहा था कि वे भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए पूरी तैयारी करेंगे।

 

हर प्रयास अपने आप में एक जीत

 

कहते हैं, हर हार अपने भीतर भविष्य की जीत का बीज छिपाए रहती है। कोशी टैलेंट फिएस्टा 2026 में भाग लेने वाले हर बच्चे ने अपने साहस, मेहनत और आत्मविश्वास से यह साबित किया कि सच्ची सफलता केवल ट्रॉफी जीतने में नहीं, बल्कि पूरे मन से अपने सपनों को मंच पर जीने में है। यही अनुभव उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव बनेगा।

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